Bhajan Name- Maiya Ke Dware Bhajan Lyrics ( मैया के द्वारे नसीबा जगता है भजन लिरिक्स )
Bhajan Lyric- Manoj Muntashir Shukla
Bhajan Singer- Rupali Jagga
Music Label-
इस द्वारे पे जो मांगो
वो मन्नत फल जानी है।
मतलब की दुनिया में कहां
मां से बड़ा कोई दानी है II
मैया के द्वारे नसीबा जगता है,
वो पाता है जो भरोसा रखता है,
एक अकेला तीर्थ ये सारे जग में,
जहां मुरादों वाला मेला लगता है,
शेर पे बैठी है तू त्रिशूल लेके मां,
देवता द्वारे खड़े है फूल लेके मां,
क्या करेंगे लेके अब जागीर दुनिया की,
तर गए हम तेरे पग की,धूल लेके मां,
तेरे चरणों में ही अब दिल लगता है,
तू ही ईश्वर है तू ही अवतार है सच्चा,
मां ये दुनिया झूठ तेरा प्यार है सच्चा,
भगवती जगदंबिका वेदों में है लिखा,
ये तेरा गौरा तेरा दरबार प्यार है सच्चा,
खुशकिस्मत है जो यहां पे झुकता है,
मैया के द्वारे नसीबा जगता है,
वो पाता है जो भरोसा रखता है,
एक अकेला तीर्थ ये सारे जग में,
जहां मुरादों वाला मेला लगता है,