Bhajan Name- Sab Unpe Chhhod De Bhajan Lyric
सब उनपे छोड़ दे भजन लिरिक्स
Bhajan Lyric- Swati Mishra
Bhajan Singer- Swati Mishra
Music Label- Swati Mishra
कांधे पे बोझ लेके,
कब से चल रहा,
क्यों तेरा मन है इतना,
भटका भटका सा,
क्यों कर रहा है बड़ी-बड़ी चिंता,
एक बार तो नाम जप के देख ले प्रभु का,
वो तुझको सुन रहे होंगे,
ये आंसू गिन रहे होंगे,
सब उनपे छोड़ दे.
सब उनपे छोड़ दे सब उनपे छोड़ दे,
सब उनपे छोड़ दे,
सब उनपे छोड़ दे II
तेरे अकेले का साथी है वो,
तू जलता दीपक पर बाती है वो,
तू उनका अर्जुन पर सारथी है वो,
तू उनका अर्जुन पर सारथी है वो,
क्या तेरा सब तो है उनका,
बता दे हाल तन मन का,
फिर उनपे छोड़ दे.
सब उनपे छोड़ दे.
सब उनपे छोड़ दे, सब उनपे छोड़ दे,
सब उनपे छोड़ दे,
सब उनपे छोड़ दे II
तुझको मिलेगा जो चाहता है तू,
ये तेरी परीक्षा है जानता है तू,
थोड़ा सबर थोड़ा धीरज धर तू,
थोड़ा सबर थोड़ा धीरज धर तू,
वो एक दिन पिघल जाएंगे,
तेरी बिगड़ी बनाएंगे,
सब उनपे छोड़ दे.
सब उनपे छोड़ दे, सब उनपे छोड़ दे,
सब उनपे छोड़ दे,
सब उनपे छोड़ दे II
हरि बोल हरि बोल हरि बोल हरि बोल,
हरि बोल हरि बोल हरि बोल हरि बोल,
हरि बोल हरि बोल हरि बोल हरि बोल,
हरि बोल हरि बोल हरि बोल हरि बोल II